तरुण की पत्नी मोनिका ने कहा, मेरे पति को कोरोना वॉरियर का सम्मान मिलना चाहिए

नई दिल्ली।  पत्रकार तरुण सिसोदिया का गुरुवार को पोस्टमॉर्टम हुआ। एम्स ट्रॉमा सेंटर में हुए पोस्टमॉर्टम के बाद शाम को कोविड प्रोटोकॉल के साथ तरुण के शव को परिजनों को सौंपा गया। उनके शव को देर शाम पंजाबी बाग स्थित श्मशान

नई दिल्ली।  पत्रकार तरुण सिसोदिया का गुरुवार को पोस्टमॉर्टम हुआ। एम्स ट्रॉमा सेंटर में हुए पोस्टमॉर्टम के बाद शाम को कोविड प्रोटोकॉल के साथ तरुण के शव को परिजनों को सौंपा गया। उनके शव को देर शाम पंजाबी बाग स्थित श्मशान में अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया। परिजन और जानकारों की मौजूदगी में गमगीन माहौल में अंतिम विदाई दी गई। परिवार से 15 लोग थे। करीब पौने आठ बजे अंतिम संस्कार हुआ।

 


मामले की जांच कर रही पुलिस टीम के सूत्रों ने बताया कि तरुण का मोबाइल अभी उन्हें नहीं मिला है। मुमकिन है कि वह अस्पताल के पास हो। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट शुक्रवार को आ सकती है। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे चेक किए थे, जिसमें तरुण और उनके पीछे पीपीई किट पहने कर्मचारी स्टाफ को भागते देखा जा रहा है। पुलिस ने वॉर्ड में भर्ती मरीज और वहां तैनात मेडिकल स्टाफ के बयान लिए हैं। सूत्रों का कहना है कि घटना से पहले तरुण ने वहां से जाने की जिद की थी।


तरुण की पत्नी मोनिका का कहना है कि मेरे पति को कोरोना वॉरियर का सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान भी उनके पति अपने कर्तव्यों का पालन कर रहे थे। उन्होंने आखिरी वक्त तक कोरोना से जुड़ी जानकारियां समाज तक पहुंचाने में कोई कमी नहीं की। हमेशा अपने काम को तवज्जो देते रहे। उनकी मौत के बाद दूसरा कोई सहारा नहीं है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से अपील की है कि उनके पति को कोविड वॉरियर का सम्मान मिले जो, उनका अधिकार है।


तरुण के निधन के मामले में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन के आदेश पर एम्स की ओर से गठित चार सदस्यीय जांच कमिटी ने गुरुवार को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। जानकारी के अनुसार कमिटी ने तरुण की मेडिकल डॉक्युमेंट्स, मरीज और स्टाफ के बयान, सीसीटीवी फुटेज आदि के आधार पर अपनी जांच की है। हालांकि, आधिकारिक रूप से एम्स इस बारे में अभी कुछ नहीं बोल रहा है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि कमिटी ने अपनी रिपोर्ट स्वास्थ्य मंत्री को सौंप दी है। देखने वाली बात होगी कि कमिटी की रिपोर्ट का खुलासा कब किया जाता है?

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